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श्राद्ध पक्ष पर तिथि एवं पिंडदान विशेष

भाद्रपद पूर्णिमा को तथा आश्विन कृष्ण पक्ष में किये जाने वाले श्राद्ध पार्वण श्राद्ध होते हैं। जिनका समय शास्त्रों में अपरान्ह काल बताया है। इस वर्ष श्राद्ध पक्ष में अपरान्ह काल का समय (दोपहर 13:30 से 15:50 बजे तक) रहेगा। इसी निर्णय के अनुसार पंचांग में श्राद्ध लिखे हैं। इस वर्ष भाद्रपद 14(चतुर्दशी) की वृद्धि होने से दि.24 से 30 सितंबर तक सभी तिथियां प्रातः 09:03 बजे तक या इससे पूर्व ही समाप्त हो रही है, जिससे अपरान्ह काल में क्रमशः पूर्णिमा व प्रतिपदा से षष्ठी तिथि पूर्व दिन ही विधमान रहेगी। अतः पूर्णिमा का 24 को , प्रतिपदा का 25 को, द्वितीया का 26 को, तृतीया का 27 को,  चतुर्थी का 28 को, पंचमी का 29 को तथा षष्ठी का 30 सितंबर को श्राद्ध सम्पन्न होगा। 
 
इसी प्रकार दिनांक 07 अक्टूबर, 2018 ई. को अपरान्ह काल (दोपहर 13:25 से 15:44 बजे तक) के समय तेरस व चतुर्दशी दोनो तिथियाँ विधमान रहेगी। अतः दोपहर 13:25 से 14:03 बजे के मध्य तेरस का श्राद्ध तथा दोपहर 14:03 से 15:44 बजे के मध्य चतुर्दशी का श्राद्ध किया जायेगा। इसी क्रम से दिनांक 08 अक्टूबर , सोमवार को सर्वपितृ श्राद्ध करना शास्त्र सम्मत रहेगा।
 
24 सितंबर 2018 :- पूर्णिमा व पौष्ठपदी श्राद्ध
25 सितंबर 2018 :- प्रतिपदा श्राद्ध
26 सितंबर 2018 :- द्वितीय श्राद्ध
27 सितंबर 2018 :- तृतिया श्राद्ध
28 सितंबर 2018 :- चतुर्थी श्राद्ध
29 सितंबर 2018 :- पंचमी श्राद्ध
30 सितंबर 2018 :- षष्ठी श्राद्ध
1 अक्टूबर 2018 :- सप्तमी श्राद्ध
2 अक्टूबर 2018:- अष्टमी श्राद्ध
3 अक्टूबर 2018 :- नवमी श्राद्ध
4 अक्टूबर 2018 :- दशमी श्राद्ध
5 अक्टूबर 2018 :- एकादशी श्राद्ध
6 अक्टूबर 2018 :- द्वादशी श्राद्ध
7 अक्टूबर 2018 :- त्रयोदशी श्राद्ध, चतुर्दशी श्राद्ध
8 अक्टूबर 2018 :- सर्वपितृ श्राद्ध व अमावस्या

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