Nitya Devi

देवी मंत्रो से करे अपने जीवन की हर बाधा को दूर

 

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कार्यक्षेत्र या परिवार से जुड़े मामलों में मिले कई अनचाहे नतीजे कुछ अवसरों पर गहरी चिंता में डूबो देते हैं। असल में काम और सफलता में संकल्प शक्ति निर्णायक होती है। मजबूत संकल्प शक्ति के बिना मनोबल कमजोर होता है। इससे कर्म पूरे समर्पण भाव से नहीं होता और मनचाहे लक्ष्य या सफलता को पाना मुश्किल हो जाता है।

शास्त्रों में देवी उपासना पावन और मजबूत संकल्प शक्ति से ही मन और कर्म में संयम व संतुलन बनाकर जीवन से जुड़े हर मकसद को पूरा करने के लिए बेहद असरदार मानी गई है।

भय, संशय से मुक्त जीवन के लिए ही देवी उपासना के विशेष दिनों जैसे शुक्रवार विशेष देवी मंत्रों के ध्यान का महत्व बताया गया है। जानिए ऐसे ही 10 देवी मंत्र, जो बोलने में मुश्किल से चंद पल ही लेंगे, लेकिन बड़ी से बड़ी परेशानियों से निजात देंगे।

शुक्रवार की सुबह व शाम स्नान के बाद स्वच्छ व यथासंभव लाल वस्त्र पहनकर दुर्गा प्रतिमा या नवदुर्गा की तस्वीर को लाल चंदन, अक्षत, सुहाग सामग्री, चुनरी, लाल फूल व दूध से बनी मिठाईयों का भोग लगाएं।

देवी पूजा के बाद यहां बताए जा रहे चंद पलों में बोले जा सकने वाले 10 छोटे-छोटे, किंतु असरदार देवी मंत्रों का स्मरण परेशानियों से छुटकारे की कामना से करें। देवी के सामने धूप व दीप जलाकर ये 10 देवी मंत्र गहरी श्रद्धा और सुख-सफलता भरे जीवन की चाहत के साथ स्मरण करें-

ॐ महाविद्यायै नमः।

ॐ जगन्मात्रे नमः।

ॐ महालक्ष्म्यै नमः।

ॐ शिवप्रियायै नमः।

ॐ विष्णुमायायै नमः।

ॐ शुभायै नमः।

ॐ शान्तायै नमः।

ॐ सिद्धायै नमः।

ॐ सिद्धसरस्वत्यै नमः।

ॐ क्षमायै नमः।